CM हिमंता बिस्व सरमा का बड़ा फैसला, असम में बदला गया ‘राजीव गांधी नेशनल’ पार्क का नाम

‘राजीव गांधी खेल रत्न पुरस्कार’ के बाद अब असम में ‘राजीव गांधी नेशनल पार्क’ ( Rajiv Gandhi National Park )
का नाम भी बदल दिया गया है, असम कैबिनेट ने बुधवार को राजीव गांधी नेशनल पार्क का नाम बदलकर ओरंग नेशनल पार्क करने का फैसला किया। आदिवासी समुदाय के प्रतिनिधियों की मांग पर ‘राजीव गांधी नेशनल पार्क’ का नाम बदला गया.

असम सरकार के प्रवक्ता और जल संसाधन मंत्री पीयूष हजारिका ने जानकारी दी कि ‘कुछ दिनों पहले, असम के मुख्यमंत्री डॉ हिमंत बिस्वा सरमा ने आदिवासी और चाय जनजाति समुदायों के प्रतिनिधियों के साथ एक बैठक की। बैठक के दौरान, आदिवासी और चाय जनजाति समुदाय के लोगों ने असम के मुख्यमंत्री से आदिवासी और चाय जनजाति समुदायों को सम्मानित करने के लिए राष्ट्रीय पार्क का नाम बदलने का अनुरोध किया था..

पीयूष हजारिका ने कहा, “आदिवासी और चाय जनजाति समुदाय की मांगों का संज्ञान लेते हुए, असम कैबिनेट ने राजीव गांधी राष्ट्रीय उद्यान ( Rajiv Gandhi National Park ) का नाम बदलकर ओरंग राष्ट्रीय उद्यान करने का फैसला किया है। उल्लेखनीय है कि इससे पहले प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने ‘राजीव गांधी खेल रत्न पुरस्कार‘ का नाम बदलकर मेजर ध्यानचंद खेल रत्न अवॉर्ड कर दिया था, ” 79.28 वर्ग किमी के क्षेत्र में बनें इस पार्क को 1985 में एक वन्यजीव अभयारण्य और 1999 में एक नेशनल पार्क घोषित किया गया था।

दरांग और सोनितपुर जिलों में ब्रह्मपुत्र के उत्तरी तट पर स्थित, यह नेशनल पार्क ( Rajiv Gandhi National Park )
रॉयल बंगाल टाइगर, इंडियन राइनो, पिग्मी हॉग और जंगली हाथियों जैसे जंगली जानवरों के लिए जाना जाता है।

इसके अलावा, असम कैबिनेट की बैठक में अंतर्राष्ट्रीय मुक्केबाजी चैंपियन जमुना बोरो और अंतर्राष्ट्रीय तीरंदाजी चैंपियन संजय बोरो को आबकारी निरीक्षक नियुक्त करने का निर्णय लिया गया। पीयूष हजारिका ने कहा, अर्जुन अवार्डी भोगेश्वर बरुआ को उनके जन्मदिन 3 सितंबर को नियुक्ति पत्र दिया जाएगा। उन्होंने कहा, कैबिनेट ने सिलचर मेडिकल कॉलेज और अस्पताल में डॉक्टर संबुद्ध धर को न्यूरोसर्जन नियुक्त करने का फैसला किया है।”