मदीना शरीफ में सिनेमा खोलने के फैसले से भड़के हिंदुस्तान के शांतिदूत, सऊदी के खिलाफ कर रहे प्रदर्शन

पैगंबर मुहम्मद की कर्मस्थली मदीना अल मुनव्वराह में सिनेमा हॉल और मनोरंजन केंद्रों को सऊदी अरब की मंजूरी से भारत और पाकिस्तान के मुस्लिम काफी गुस्से में हैं, तंजीम उलमा इस्लाम ने चेतावनी दी है कि अगर सऊदी अरब ने फौरन सिनेमाघरों के निर्माण की योजना पर रोक नहीं लगाई गई तो पूरी दुनिया के बरेलवी मुसलमान सऊदी अरब की हुकूमत के खिलाफ प्रदर्शन करेंगे।

तंजीम के राष्ट्रीय महासचिव मौलाना शहाबुद्दीन रजवी ने कहा कि सऊदी हुकूमत सिनेमाघर खोलकर इस्लाम को बदनाम करना चाहती है। उसे मक्का और मदीना शरीफ की पवित्रता भंग नहीं करने दी जाएगी, क्योंकि इन शहरों से दुनिया भर के मुसलमानों की आस्था जुड़ी है।

उन्होंने कहा कि खादिमुल हरमैन (सऊदी बादशाह का पद) का फर्ज है कि मक्का और मदीना शरीफ की अजमत, इज्जत और पवित्रता खत्म न होने दे। मगर मदीना शरीफ में सिनेमा घर खोलने की इजाजत देकर वहां की हुकूमत ने यह साबित कर दिया है कि वह सऊदी अरब पर शासन करने के लायक नहीं है।

मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक़, सऊदी अरब की सरकार ने पिछले साल नवंबर के अंत में मदीना में किंग सलमान रोड पर 10 सिनेमा घर, 32 रेस्टोरेंट और दो मनोरंजन स्थल विकसित करने की घोषणा की थी। इनका निर्माण कार्य जनवरी 2022 तक पूरा होना है।