किसानों का सर फोड़ने का आदेश देना करनाल के SDM आयुष सिन्हा को पड़ा महंगा

प्रदर्शनकारी किसानों का सर फोड़ने का आदेश देना करनाल के एसडीएम आयुष सिन्हा को महंगा पड़ गया है, हरियाणा सरकार ने बुधवार को आईएएस सिन्हा का तबादला कर दिया। करनाल में विरोध प्रदर्शन के दौरान सुरक्षा घेरा तोड़ने वाले किसानों के “सिर फोड़ने” के लिए पुलिसकर्मियों को निर्देश देते हुए एसडीएम आयुष सिन्हा ( Ayush Sinha ) कैमरे में कैद हो गए थे..वीडियो वायरल होने के तीन दिन बाद आयुष सिन्हा का तबादला हो गया..

2018 बैच के आईएएस अधिकारी आयुष सिन्हा ( Ayush Sinha ) को अब ‘नागरिक संसाधन सूचना विभाग’ में अतिरिक्त सचिव के रूप में तैनात किया गया है। वह उन 20 अधिकारियों में शामिल हैं, जिनका बुधवार को राज्य सरकार ने तबादला कर दिया था। हालाँकि आयुष सिन्हा के करनाल से तबादले का कोई कारण नहीं बताया गया। लेकिन माना जा रहा है कि किसानों का सर फोड़ने का आदेश देने के कारण ही उनका तबादला हुआ है, आयुष सिन्हा का वीडियो वायरल होने के बाद हरियाणा सरकार की भी जमकर किरकिरी हुई थी.

28 अगस्त को करनाल में किसानों के विरोध प्रदर्शन के दौरान एक कार्यक्रम स्थल के पास, आयुष सिन्हा ( Ayush Sinha ) को पुलिसकर्मियों को निर्देश देते हुए सुना गया था कि ‘उठा उठा के मरना पीछे सबको, हम इस घेरा को तोड़ने की अनुमति नहीं देंगे। हमारे पास पर्याप्त बल उपलब्ध है। हम पिछले दो दिनों से सोए नहीं हैं। लेकिन तुम यहां सो कर आए हो… मेरे पास एक भी बंदा निकल के नहीं आना चाहिए। अगर आए तो सर फूटा हुआ होना चाहिए उसका।

वीडियो वायरल होने के बाद आयुष सिन्हा तो विपक्ष के निशाने पर थे ही, साथ ही इस वीडियो के जरिये विपक्ष हरियाणा सरकार भी हमलावर था, अब और किरकिरी से बचने के लिए हरियाणा सरकार ने करनाल से आयुष सिन्हा का ट्रांसफर कर दिया।

उल्लेखनीय है कि पुलिस ने बस्तारा टोल प्लाजा पर तब प्रदर्शनकारियों पर बल प्रयोग किया था, जब किसानों ने कथित तौर पर भाजपा के एक कार्यक्रम की ओर मार्च करने की कोशिश की थी, जिसमें मुख्यमंत्री मनोहर लाल खटटर और राज्य के अन्य वरिष्ठ भाजपा नेता मौजूद थे.