औकात में आया ट्विटर, संघ प्रमुख मोहन भागवत समेत RSS के नेताओं के अकाउंट पर ब्लू टिक बहाल किया

माइक्रोब्लॉगिंग वेबसाइट ट्विटर कुछ ही घंटों में औकात पर आ गया, जी हाँ! सुबह ट्विटर ने भारत के उपराष्ट्रपति वैंकैया नायडू, आरएसएस प्रमुख मोहन भागवत समेत संघ के कई बड़े पदाधिकारियों के ट्विटर अकाउंट से ब्लू टिक हटा दिया था, जबरदस्त विरोध के बाद अब Twitter ने संघ प्रमुख समेत सभी के अकाउंट पर ब्लू टिक बहाल कर दिया है, यानि फिर से लगा दिया। विश्व हिन्दू परिषद के राष्ट्रीय प्रवक्ता विजय शंकर तिवारी ने ट्वीट कर कहा, पहले संघ के अधिकारियों के ट्वीटर एकाउंट से ब्लू टिक हटाना और पूरा दिन नहीं बीता कि दुबारा ब्लू टिक वापस करना, इसे कहते हैं ट्यूटर इंडिया ने प्याज भी खाया और सौ जूते भी खाए।

ट्विटर ने सुबह राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ ( आरएसएस ) के प्रमुख मोहन भागवत समेत कई वरिष्ठ नेताओं के Twitter अकाउंट से ब्लू टिक हटा कर अनवेरीफाईड कर दिया था, इनमें कृष्ण गोपाल, सुरेश सोनी, सुरेश जोशी और अरुण कुमार प्रमुख हैं।

बार-बार ट्विटर की टुच्ची हरकत के बाद अब खबर आ रही है कि मोदी सरकार अब ट्विटर को बख्शने के मूड़ में नहीं है, आईटी मिनिस्ट्री ने नाराजगी जताई है, केंद्र ने Twitter की मंशा को गलत करार दिया है.

मोदी सरकार इस नीली चिड़िया के पंख कतरने की तैयारी कर रही है, जी हाँ! केंद्र सरकार ने Twitter को आखिरी नोटिस दिया है, इसके बाद ट्विटर के खिलाफ आईटी एक्ट और पीनल कानून के तहत बड़ी कार्रवाई होगी। Twitter को हमेशा के लिए भारत में बैन भी किया जा सकता है..सरकार ने कहा है कि नए दिशानिर्देश 26 मई से प्रभावी हो गए हैं।

अनुपालन के लिए सोशल मीडिया मध्यस्थों को दी गई 3 महीने की अवधि समाप्त होने के बाद, Twitter को भारत स्थित मुख्य अनुपालन अधिकारी, नोडल संपर्क व्यक्ति और शिकायत अधिकारी नियुक्त करना बाकी है, अब आखिरी नोटिस भेजा गया है, Twitter ने नए नियम को न माना तो कार्यवाही होगी।