छत्तीसगढ़ पहुंचकर अमित शाह ने नक्सली हमलें में शहीद हुए जवानों को दी श्रद्धांजलि, बोले- बलिदान व्यर्थ नहीं जाएगा

छत्तीसगढ़ के सुकमा-बीजापुर की सीमा पर जूनागढ़ गांव में शनिवार ( 3 अप्रैल, 2021 ) को नक्सलियों और सुरक्षाकर्मियों के बीच हुई मुठभेड़ में सुरक्षाबल के 24 जवान शहीद हो गए हैं, 20 से ज्यादा जवान घायल हैं, जबकि कई नक्सली भी ठोंके गए हैं, नक्सलियों को काफी क्षति होने की ख़बर है। सुकमा में हुए बड़े नक्सली हमलें के बाद देशभर में आक्रोश है, चारों तरफ से नक्सलियों के खात्में की मांग उठ रही है, केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह ने खुद कई अधिकारियों के साथ हाईलेवल मीटिंग की.

सोमवार को अमित शाह सुकमा-बीजापुर बॉर्डर पहुंचे और नक्सली हमलें में शहीद हुए जवानों को श्रद्धांजलि दी, इसके बाद अमित शाह नक्सली हमलें में घायल सुरक्षाकर्मियों से मुलाक़ात करनें अस्पताल जाएंगे। अमित शाह ने ट्वीट कर लिखा, छत्तीसगढ़ में नक्सलियों का सामना करते वक्त शहीद हुए बहादुर सुरक्षाकर्मियों को जगदलपुर में श्रद्धांजलि अर्पित की। देश आपके शोर्य और बलिदान को कभी भुला नहीं पाएगा। पूरा देश शोक संतप्त परिवारों के साथ खड़ा है। अशांति के विरुद्ध इस लड़ाई को हम अंतिम रूप देने के लिए संकल्पित हैं।

बता दें कि रविवार को केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने अपने आवास पर छत्तीसगढ़ में नक्सली हमले को लेकर वरिष्ठ अधिकारियों के साथ उच्च स्तरीय बैठक की, बैठक में गृह सचिव अजय भल्ला, IB के निदेशक अरविंद कुमार और CRPF के वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे..अमित शाह ने कहा, मैं जवानों को श्रद्धांजलि देता हूं और उनके परिवार और देश को विश्वास दिलाता हूं कि जवानों ने देश के लिए अपना जो खून बहाया है वो व्यर्थ नहीं जाएगा। नक्सलियों के खिलाफ मजबूती के सा​थ हमारी लड़ाई चलती रहेगी और हम इसे परिणाम तक ले जाएंगे।

नक्सली हमलें को लेकर भाजपा के वरिष्ठ नेता और छत्तीसगढ़ के पूर्व मुख्यमंत्री डॉ रमन सिंह ने कहा, जब कम से कम 22 जवानों ने अपनी जान गंवाई है और 30 से अधिक जवान घायल हुए हैं। कोरोना से मौतों की संख्या भी बढ़ रही है। छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री असम में चुनाव प्रचार में व्यस्त हैं। रोम जल रहा है और नीरो बांसुरी बजा रहा है..आपको बता दें कि छत्तीसगढ़ में हुए नक्सली हमलें के कई घंटे बाद भी भूपेश बघेल असम में चुनाव प्रचार करते रहे.