बिहार में सभी सीटों पर जमानत जब्त कराने वाली शिवसेना बंगाल में करेगी ममता की TMC का समर्थन

बंगाल में विधानसभा चुनाव की तारीखों का ऐलान हो चुका है, पहले शिवसेना भी बंगाल के चुनावी रण में कूदने का मन बना रही थी, लेकिन अब पाँव वापस खींच लिए हैं, बंगाल चुनाव् में शिवसेना ने ममता बनर्जी यानि टीएमसी का समर्थन करने का ऐलान किया है..अब शिवसेना खुद चुनाव न लड़कर टीएमसी का समर्थन करेगी।

टीएमसी को समर्थन देगी शिवसेना
शिवसेना के मुख्य प्रवक्ता संजय राऊत ने जानकारी दी है कि ‘बहुत लोग यह जानना चाहते थे कि शिवसेना पश्चिम बंगाल में चुनाव लड़ेगी या नहीं? पार्टी अध्यक्ष से चर्चा के बाद इस निष्कर्ष पर पहुंचे हैं कि शिवसेना बंगाल में चुनाव नहीं लड़ेगी तथा टीएमसी का समर्थन करेगी, इसके अलावा उन्होंने यह भी बताया कि उद्धव ठाकरे ने कहा, इस वक्त ‘दीदी बनाम अन्य सभी’ का मुकाबला प्रतीत हो रहा है।

बंगाल में आठ चरणों में चुनाव होंगे
आपको बता दें कि पश्चिम बंगाल की सभी 294 सीटों पर 27 मार्च से 29 अप्रैल के बीच विधानसभा चुनाव आठ चरणों में होंगे। आठ चरणों में होने वाले चुनाव को लेकर ममता बनर्जी ने आपत्ति भी जाहिर की थी..खबर है कि ममता बनर्जी शुक्रवार ( 5 मार्च ) को सभी 294 सीटों के प्रत्याशियों के नामों का ऐलान करेंगी, ममता खुद नंदीग्राम से चुनाव लड़ेंगी। भाजपा यहाँ से सुवेंदु अधिकारी को अपना उम्मीदवार बना सकती है।

बंगाल में चुनाव क्यों नहीं लड़ेगी शिवसेना?
दरअसल महाराष्ट्र के बाहर शिवसेना का कोई विशेष जनाधार नहीं है, अपनी हैसियत नापने के लिए शिवसेना बीते साल बिहार विधानसभा चुनाव में 22 सीटों पर चुनाव लड़ी थी और सभी सीटों पर जमानत जब्त हो गई, शिवसेना उम्मीदवारों को नोटा से भी कम वोट मिले थे.2 उम्मीदवार को तो 50 वोट भी नहीं मिले थे। बिहार चुनाव के नतीजे आने के बाद शिवसेना की जमकर बेइज्जती हुई थी, शायद यही वजह है कि शिवसेना ने बंगाल में चुनाव न लड़ने का फैसला लिया है।