आखिर क्यों हुआ मुंबई पुलिस कमिश्नर परमबीर सिंह का तबादला, मंत्री नवाब मलिक ने बताई पूरी कहानी

महाराष्ट्र की उद्धव ठाकरे सरकार ने कल ( 17 मार्च 2021 ) शाम को परमबीर सिंह को मुंबई पुलिस कमिश्नर पद से हटा दिया और हेमंत नगराले को मुंबई का नया पुलिस कमिश्नर बनाया, परमबीर सिंह का तबादला ऐसे समय में हुआ जब एंटीलिया केस में राष्ट्रीय जांच एजेंसी ( NIA ) मुंबई पुलिस के क्राइम इंटेलिजेंस यूनिट ( CIU ) हेड ( अब सस्पेंड हो चुके हैं ) सचिन वाजे को गिरफ्तार कर पूछताछ कर रही है…परमबीर के तबादले के बाद महाराष्ट्र की सियासत गरमा गई है, भाजपा ने भी उद्धव सरकार को घेरा है, उन सबके बीच महाराष्ट्र के मंत्री और एनसीपी नेता नवाब मलिक ने बताया है कि आखिरक्यों परमबीर सिंह का तबादला हुआ, साथ ही नवाब मलिक ने यह भी कहा कि सचिन वाजे के कारण पूरे मुंबई पुलिस की छवि खराब हुई.

एनसीपी के वरिष्ठ नेता और महाराष्ट्र सरकार के मंत्री नवाब मलिक ने कहा, मुख्यमंत्री ने मुंबई सीपी (परम बीर सिंह) को स्थानांतरित करने के लिए प्रशासनिक निर्णय लिया। उन्हें पूरा अधिकार निर्णय लेने का लेकिन वाजे को लेकर जिस तरह से चीजें सामने आ रही है उससे पूरे मुंबई पुलिस की छवि खराब हुई गई.

मलिक ने आगे कहा, कमिश्नर की अध्यक्षता की समिति में वाजे को बहाली करने का निर्णय कमिश्नर ने लिया। वे सिधे उनको रिपोर्ट करते थे, कही न कही जबावदारी की जिम्मेदारी मुखिया की होती जो निश्चित की गई और तबादला किया गया है…यानि परमबीर का तबादला इसलिए हुआ, उन्होंने सचिन वजे को बहाल किया था.

बता दें कि सचिन वझे को एंटीलिया के विस्फोटक कार कांड में एनआईए ने गिरफ्तार किया है। वझे विभाग में परमबीर सिंह को ही रिपोर्ट करते थे। फ़िलहाल वाजे 25 मार्च तक NIA की हिरासत में रहेंगे, अवधि बढ़ भी सकती है..

परमबीर सिंह के हटाए जानें के बाद हेमंत नगराले को मुंबई का नया पुलिस कमिश्नर बनाया गया, उन्होंने तुरंत ही पदभार संभाल लिया और प्रेस-कॉन्फ्रेंस की, मुंबई के नए पुलिस कमिश्नर ने कहा कि मुंबई पुलिस नाज़ुक दौर से गुज़र रही है..कुछ ऐसे मामले हुए हैं जिससे मुंबई पुलिस की विश्वसनियता पर प्रश्न चिन्ह लगे हैं। मुझे विश्वास है कि हम अच्छा काम करके लोगों के बीच में मुंबई पुलिस का नाम कर सकेंगे।