कृषि कानूनों पर बोले PM मोदी, खत्म करो आंदोलन, कोई ढिलाई होगी तो कसेंगे, कमी होगी तो दूर करेंगे

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी आज राज्‍यसभा में राष्‍ट्रपति के अभिभाषण पर धन्‍यवाद प्रस्‍ताव का जवाब दे रहे हैं। इस दौरान पीएम मोदी ने देश के तमाम मुद्दों पर अपनी बात रखी, इसी कड़ी में पीएम मोदी ने कृषि के विरोध में आंदोलन कर रहे किसानों को लेकर भी अपनी बात रखी. प्रधानमंत्री ने कहा कि आंदोलन करना आपका लोकतान्त्रिक अधिकार है, लेकिन बुजुर्गों को ऐसे समय में आंदोलन स्थल से घर पहुंचा देना चाहिए। साथ ही पीएम ने कहा, कृषि कानूनों में कोई ढिलाई होगी तो कसेंगे और कोई कमी होगी तो उसे दूर करेंगे।

प्रधानमंत्री ने कहा कि पहले की सरकारों की सोच में छोटा किसान था क्या? जब हम चुनाव आते ही एक कार्यक्रम करते हैं कर्जमाफी, ये वोट का कार्यक्रम है या कर्जमाफी का ये हिन्दुस्तान का नागरिक भली भांति जानता है। लेकिन जब कर्जमाफी करते हैं तो छोटा किसान उससे वंचित रहता है, उसके नसीब में कुछ नहीं आता है। पहले की फसल बीमा योजना भी छोटे किसानों को नसीब ही नहीं होती थी। यूरिया के लिए भी छोटे किसानों को रात-रात भर लाइन में खड़े रहना पड़ता था, उस पर डंडे चलते थे।

पीएम मोदी ने कहा कि पीएम किसान सम्मान निधि योजना से सीधे किसान के खाते में मदद पहुंच रही है। 10 करोड़ ऐसे किसान परिवार हैं जिनको इसका लाभ मिल गया। अब तक 1 लाख 15 हजार करोड़ रुपये उनके खाते में भेजे गये हैं। इसमें अधिकतर छोटे किसान हैं।