सुनील गावस्कर ने BCCI लगाए गंभीर आरोप, कोहली और नटराजन के लिए अलग-अलग नियम क्यों?

भारतीय क्रिकेट टीम इस समय ऑस्ट्रेलिया दौरे पर है, बॉर्डर-गावस्कर टेस्ट सीरीज का पहला मैच ऑस्ट्रेलिया से हार चुकी है, 26 दिसंबर से दूसरा टेस्ट मैच शुरू हो रहा है, हालाँकि नियमित कप्तान विराट कोहली पैटरनिटी लीव पर स्वदेश लौट आये हैं..कोहली के स्वदेश लौटने के बाद पूर्व भारतीय क्रिकेटर सुनील गावस्कर ने बीसीसीआई पर गंभीर आरोप लगाए हैं.

दिग्गज क्रिकेटर सुनील गावस्कर ने बीसीसीआई और टीम मैनेजमेंट पर आरोप लगाए हैं कि ड्रेसिंग रूम में खिलाड़ियों के साथ भेदभाव होता है। उन्होंने कहा कि बीसीसीआई के नियम सभी खिलाड़ियों के लिए एकजैसे नहीं हैं।

गावस्कर ने एक निजी चैनल से बातचीत में कहा कि आर. अश्विन को टीम में अपने स्पष्टवादी नजरिए की कीमत चुकानी पड़ी है. पारिवारिक कारणों के चलते दौरा बीच में छोड़ने की अनुमति के लिए विराट कोहली को भी आड़े हाथ लिया, जबकि आईपीएल के दौरान तेज गेंदबाज टी. नटराजन भी पिता बने और उन्होंने अभी भी अपनी बेटी को नहीं देखा है.

गावस्कर ने कहा कि टी. नटराज को ऑस्ट्रेलिया में बतौर नेट गेंदबाज के रूप में रुकने पर मजबूर किया गया. हालांकि, वह जिस वनडे सीरीज का हिस्सा थे, वह करीब 15 दिन पहले खत्म हुई. कोई भी दूसरा खिलाड़ी इस नियम पर आश्चर्य व्यक्त करेगा, लेकिन वह सिर्फ इसलिए शिकायत या शोर-शराबा नहीं कर सकता क्योंकि वह नया है. नटराजन को सीधे यूएई से ले जाया गया और फिर उनके शानदार प्रदर्शन को देखते हुए टेस्ट सीरी के लिए रोक लिया गया. लेकिन टीम सदस्य के रूप में नहीं, बल्कि एक नेट बॉलर के रूप में. अब आप जरा इस बारे में कल्पना कीजिए।