दोगलेपन की सारी सीमायें लांघ गए हैं ये वामपंथी, संबित पात्रा ने चुन-चुनकर बोला वामपंथियों पर हमला

कृषि कानून के विरोध में पिछले 28 दिनों से पंजाब, पश्चिमी उत्तर प्रदेश और हरियाणा के कुछ किसान संगठन विरोध प्रदर्शन कर रहे हैं, वामपंथी पार्टियां भी इस मुद्दे को भुनाने की कोशिश कर रही हैं, भाजपा के राष्ट्रीय प्रवक्ता संबित पात्रा ने बुधवार ( 23 दिसंबर ) को चुनचुनकर वामपंथियों पर हमला बोला। संबित ने कहा कि ये वामपंथी दोगलेपन की सारी सीमाओं को लांघ गए हैं, इनसे दोगली पाखंडी पार्टी और कोई नहीं है.

दिल्ली स्थित भाजपा मुख्यालय में प्रेस-कॉन्फ्रेंस करते हुए डॉ संबित पात्रा ने कहा की नरेंद्र मोदी जी की सरकार और स्वयं मोदी जी जो हिंदुस्तान के मुख्य सेवक हैं वे किसानों को अन्नदाता और भगवान मानते हैं। हमने देखा कि आज बहुत से किसान संगठन तीन बिलों के समर्थन में उतरे हैं कृषि मंत्री से उन्होंने मुलाकात भी की और मोदी जी को धन्यवाद दिया है.

वामपंथियों पर हमला बोलते हुए संबित पात्रा ने कहा कि कुछ वामपंथी दल किसानों के कंधों पर बंदूक रखकर राजनीति साधने की कोशिश कर रहे हैं। इनसे दोगली पाखंडी पार्टी और कोई नहीं।इन्होंने दोगलेपन की सारी सीमाओं को लांघ दिया है।इन्होंने किसानों पर कई अत्याचार किए हैं। ये बात अलग है कि वे आज दिखावा कुछ और कर रहे हैं.

इसके अलावा संबित ने कहा कि केरल के मुख्यमंत्री पीनराई विजयन इस विषय को लेकर सुप्रीम कोर्ट जाने की कोशिश कर रहे थे। मगर उनको बताना चाहिए कि आखिर क्यों केरल में APMC का कानून नहीं है। आप वामपंथियों का दोगलापन देखिए। ये पूरे हिंदुस्तान में APMC कानून को लेकर भ्रमजाल फैला रहे हैं.

आपको बता दें कि जितने किसान कृषि कानून का विरोध कर रहे हैं उससे कहीं ज्यादा किसान अब कृषि कानून के समर्थन में भी आगे आ रहे हैं, कई राज्यों के किसान केंद्रीय कृषि मंत्री नरेंद्र सिंह तोमर से मिलकर कृषि कानून का समर्थन कार चुके हैं।