अवॉर्ड वापस करेंगे कांग्रेस नेता विजेंदर सिंह, लोग बोले- अवॉर्ड के साथ मिला 25 लाख रूपये भी लौटाना

देश में एक बार फिर अवॉर्ड वापसी गैंग मैदान में आ गई है, कृषि कानून के विरोध में कांग्रेस नेता और बॉक्सर विजेंदर सिंह ने ‘राजीव गांधी खेल रत्न अवॉर्ड’ लौटाने की चेतावनी दी है, विजेंदर सिंह रविवार ( 7 दिसंबर, 2020 ) को किसान आंदोलन में पहुंचे और वहीँ से उन्होंने अवॉर्ड वापस करने की चेतावनी दी. विजेंदर सिंह ने कहा कि तीनों काले कानूनों ( कृषि कानून ) को अगर सरकार वापस नहीं लेती है तो वह अपना ‘राजीव गांधी खेल रत्न अवॉर्ड’ लौटा देंगे।

2019 में दक्षिणी दिल्ली से कांग्रेस की टिकट पर बुरी तरह लोकसभा चुनाव हार चुके विजेंदर सिंह द्वारा अवॉर्ड वापस लौटाने के ऐलान के बाद अब एक और बहस छिड़ गई है, लोगों का कहना है कि विजेंदर सिंह को अवॉर्ड के साथ जो रकम ( 25 लाख रूपये ) मिली थी वह भी वापस करेंगे या केवल शील्ड वापस करके नौटंकी करेंगे।

आपको बता दें कि कांग्रेस नेता और बॉक्सर विजेंदर सिंह को 2009 में सर्वोच्च खेल सम्मान राजीव गांधी खेल रत्न अवॉर्ड मिला था, जिसे अब विजेंदर ने वापस करने की चेतावनी दी है. विजेंदर फिलहाल पेशेवर मुक्केबाज हैं, राजनितिक दंगल में बुरी पटखनी खा चुके हैं.

उल्लेखनीय है कि कृषि कानून के विरोध में पिछले 11 दिनों से पंजाब के किसान दिल्ली में विरोध प्रदर्शन कर रहे हैं, आंदोलनरत किसानों और केंद्र सरकार के बीच अबतक 5 राउंड की बातचीत हो चुकी है लेकिन कोई नतीजा नहीं निकल सका है, 9 दिसंबर को छठे राउंड की बातचीत होगी, लेकिन उससे पहले किसानों ने भारत बंद का ऐलान किया है.

कृषि कानून के विरोध में किसान संगठन 8 दिसंबर 2020 को भारत बंद करेंगे, किसानों के इस भारत बंद को कांग्रेस, सपा और आम आदमी पार्टी समेत कई राजनैतिक पार्टियों ने समर्थन दिया है. किसानों का कहना है कि जबतक तीनों नए कृषि कानून वापस नहीं हो जाते तब तक आंदोलन जारी रहेगा।