कृषि कानून पर राजनीति कर रहे राहुल गांधी पर डॉ सुधांशु त्रिवेदी ने दागे गंभीर सवाल

कृषि कानून के विरोध में पिछले 29 दिनों से दिल्ली बॉर्डर पर पंजाब, पश्चिमी उत्तर प्रदेश और हरियाणा के कुछ किसान संगठनों का आंदोलन जारी है, किसान आंदोलन के जरिये विपक्षी पार्टियां भी अपनी राजनैतिक रोटियाँ सेंकने में जुट गई है, इसमें मुख्य रूप से कांग्रेस है..कांग्रेस सांसद राहुल गांधी ने आज राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद से मिले और उन्हें 2 करोड़ किसानों के हस्ताक्षर सौंपने का दावा किया।

किसान आंदोलन के जरिये अपनी राजनितिक रोटियाँ सेंकने में जुटे राहुल गांधी पर भाजपा के राष्ट्रीय प्रवक्ता डॉ सुधांशु त्रिवेदी ने गंभीर सवाल दाग दिए हैं. डॉ त्रिवेदी ने कहा कि राहुल गांधी कहते हैं कि हम किसान के साथ खड़े हैं। राहुल गांधी जी आप केरल के वायनाड से सासंद हैं। क्या केरल में APMC एक्ट है? अगर नहीं तो वहां के किसानों के साथ क्यों नहीं खड़े हैं? यह कैसे संभव है कि कोई चीज केरल के लिए अच्छी है और दिल्ली में खराब है।

दिल्ली स्थित भाजपा मुख्यालय में प्रेस-कॉन्फ्रेंस करते हुए भाजपा के राष्ट्रीय प्रवक्ता सुधांशु त्रिवेदी ने कहा कि चौधरी साहब की सरकार को बर्खास्त करने वाले, उन्हें धोखा देने वाले, उन्हें जेल में डालने, उनके लिए अपशब्द कहने वाले अगर कहते हैं कि हम किसानों के साथ खड़े हैं, तो किसान भाइयों से निवेदन है कि इनकी फितरत को पहचानिए। इसके अलावा राहुल गांधी को डॉ त्रिवेदी ने आदतन शरारती करार दिया।

आपको बता दें कि हस्ताक्षर सौंपने के बाद मीडिया से बात करते हुए राहुल गाँधी ने कहा कि राष्ट्रपति से हमने कहा कि ये जो कानून बनाए गए हैं ये किसान विरोधी हैं और इनसे किसानों,मज़दूरों का नुकसान होने वाला है। मैं प्रधानमंत्री से कहना चाहता हूं कि किसान हटेगा नहीं, प्रधानमंत्री को ये नहीं सोचना चाहिए कि किसान, मज़दूर घर चले जाएंगे। उन्होंने दोहराया कि कृषि कानून किसान विरोधी है, इसे फौरन रद्द किया जाय।