मुख़्तार अंसारी को TUV से लाना चाहती थी UP पुलिस, पंजाब की कांग्रेस सरकार बनी राह में रोड़ा!

बलात्कारियों, अपराधियों और अवैध जमीन कब्जाने वालों के खिलाफ उत्तर प्रदेश की योगी आदित्यनाथ सरकार का ताबड़तोड़ एक्शन जारी है। बड़े से बड़े अपराधियों पर उत्तर प्रदेश पुलिस कहर बनकर टूट रही है, पंजाब जेल में बंद कुख्यात अपराधी मुख़्तार अंसारी को यूपी पुलिस वापस राज्य में लाना चाहती थी, दिलचस्प बात यह है कि यूपी पुलिस मुख़्तार अंसारी को किसी चार्टर्ड प्लेन से नहीं बल्कि सड़क के रास्ते TUV या टोयोटा में लाना चाहती थी. लेकिन पंजाब की कांग्रेस सरकार राह में रोड़ा बन गई है, जी हाँ!

जानकारी के अनुसार, मुख्तार अंसारी को प्रयागराज स्थित एमपी-एमएलए कोर्ट में पेश करने के लिए यूपी की गाजीपुर पुलिस टीम रोपड़ गई थी जिसको खाली हाथ लौटना होगा। यह सूचना मिलने पर इस मामलें की मॉनीटरिंग कर रहे रहे डीजीपी मुख्यालय के अधिकारी भी हैरान हैं। तकरीबन दो साल से यूपी पुलिस मुख़्तार अंसारी को लाने का प्रयास कर रही है लेकिन बार-बार पंजाब पुलिस के अफसर राह में रोड़ा बन रहे हैं उसे यूपी नहीं भेज रहे हैं।

मुख्तार अंसारी को तलब करने के लिए यूपी की अलग-अलग अदालतों द्वारा दो दर्जन बार फरमान भेजे जा चुके हैं लेकिन दुर्दांत अपराधी अपनी बीमारी की आड़ में यूपी आने से बच रहा है और पंजाब पुलिस इसमें उसका सहयोग भी कर रही है। पंजाब पुलिस राज्य सरकार के अंडर में आती है, पंजाब में इस समय कांग्रेस की सरकार है।

यूपी पुलिस के आने की खबर सुनकर मुख़्तार अंसारी ने बीमारी का बहाना बना लिया और मेडिकल बोर्ड ने उसे तीन हफ्ते बेडरेस्ट की सलाह दी है, माफिया को बेडरेस्ट दिया जा रहा है ये अपने आप में चिंताजनक है. आपको बता दें कि गाजीपुर के मोहम्मदाबाद में मुख्तार पर फर्जी नाम-पते से शाश्त्र लाइसेंस हासिल करने का मुकदमा चल रहा है, जिसमें 21 अक्टूबर को पंजाब की रोपड़ जेल से लाकर प्रयागराज स्थित एमपी-एमएलए कोर्ट में पेश करना था।

डीजीपी मुख्यालय के अधिकारीयों के निर्देश पर गाजीपुर पुलिस ने मुख्तार अंसारी को लाने के लिए टीम भेजी थी, हालाँकि मुख़्तार को यूपी भेजने से पहले गठित मेडिकल बोर्ड ने उनको बड़ी राहत दी है. मेडिकल बोर्ड में रूपनगर जिले के मेडिकल अफसर पवन कुमार, डॉ राजीव अग्रवाल और एनएच शर्मा ने मुख़्तार को डायबिटीज आदि रोगों का मरीज बताया और तीन महीनें तक बीएड रेस्ट की सलाह दी, इस तरह से मुख़्तार अंसारी अब तीन महीनें तक यूपी नहीं आ सकेगा।

मुख्तार अंसारी को बेडरेस्ट दिए जाने के बाद उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के सूचना सलाहकार शलभमणि त्रिपाठी ने ट्वीट कर कहा है कि माफिया On बेडरेस्ट सुना है कभी, तो देखिए कैसे प्रियंका और उनकी सरकार मुख्तार जैसे दुर्दांत को बचाने में जुटी है, योगी जी की ‘TUV’ जब जब मुख़्तार को पंजाब से यूपी लाने जाती है,तब तब पंजाब सरकार मुख़्तार की मददगार बन खड़ी हो जाती, पं. कृष्णानंद के हत्यारों से क्या डील है प्रियंका जी।