हाथरस केस को लेकर दलितों ने मचाया उत्पात, आगरा में पुलिस पर किया पथराव

हाथरस केस को लेकर हो रही राजनीति अब दंगे का रूप ले चुकी है, हाथरस की बेटी को न्याय दिलवाना तो सिर्फ बहाना था, असल मकसद यूपी में दंगे फसाद करवाना था, विपक्षी पार्टियों की राजनीति को देखकर तो ऐसा ही लग रहा है, हाथरस केस को लेकर आज दलित समाज के लोगों ने आगरा में जमकर उत्पात मचाया।

आगरा में आज दंगे की स्तिथि बन गयी, दलितों को उकसाया गया, और भीड़ बुलाई गयी और इस भीड़ ने पुलिस पर हमला कर दिया। ये तो गनीमत रही की पुलिस प्रशासन पहले से मुस्तैद था इसी कारण भीड़ पर नियंत्रण प्राप्त कर लिया गया अन्यथा ये दंगे विकराल स्वरुप ले सकते थे।

आपको बता दें कि विपक्षी पार्टियों और कुछ मीडिया संस्थान ने जानबूझकर हाथरस केस को लेकर झूठ फैलाया की दलित लड़की का गैंगरेप हुआ, आँखें निकाल दी, जीभ काट दिया, गला काट दिया, जबकि ये सारी बातें फर्जी थी, इन सबका मकसद था दलितों को दूसरी जातियों के खिलाफ भड़काना और दंगे फसाद करवाकर अपनी राजनीती चमकाना और आज इसमें कामयाब होते दिखाई दे रहे हैं.

आगरा एसपी सिटी बीआर प्रमोद ने बताया कि हाथरस को लेकर वाल्मिकी समाज के लोग विरोध प्रदर्शन कर रहे थे, इस दौरान उन लोगों पुलिस पर पत्थरबाजी की, उन्होनें कहा कि स्थिति नियंत्रण में हैं, मैं सभी लोगों से शांति बनाए रखने की अपील करता हूं।