भगवान राम पर बेतुका बयान देकर अपने ही देश में घिरे नेपाली वामपंथी ओली, पूर्व PM ने बोला हमला

काठमांडू, 14 जुलाई: नेपाल के प्रधानमंत्री केपी शर्मा ओली की कुर्सी खतरें में है और एमएमएस भी वायरल हो रहा है, इन सब से ध्यान हटानें के लिए केपी ने भगवान् राम के खिलाफ आपत्तिजनक बयान दिया है. ओली ने भगवान राम की जन्मभूमि अयोध्या पर ऐसी बात कही है जिसका ना कोई सिर है ना पैर। भगवान राम पर बेतुका बयान देकर वामपंथी ओली अपने देश में ही घिर गए हैं।

नेपाल के प्रधानमंत्री केपी ओली ने अयोध्या के भारत में मानने से ही इनकार कर दिया। ओली ने कहा कि भारत में जो अयोध्या है, वह नकली है जबकि असली अयोध्या तो नेपाल में है। नेपाली पीएम ने कहा, भारत ने सांस्कृतिक अतिक्रमण के लिए नकली अयोध्या का निर्माण किया है जबकि असली अयोध्या नेपाल में है।

ओली दावा किया कि हमने भारत में स्थित अयोध्या के राजकुमार को सीता नहीं दी, बल्कि नेपाल के अयोध्या के राजकुमार को दी थी। अयोध्या एक गांव है जो बीरगंज के थोड़ा पश्चिम में स्थित है। ओली ने कहा, भारत में बनाया गया अयोध्या वास्तविक नहीं है। केपी ओली के इस बयान की नेपाल में खूब आलोचना हो रहा है, पूर्व प्रधानमंत्री से लेकर पूर्व विदेश मंत्री तक ने ओली पर हमला बोला है।

नेपाल के पूर्व प्रधानमंत्री बाबू राम भट्टाराई ने ओळी के बयान पर तंज कसते हुए कहा कि आदि-कवि ओली द्वारा रचित कल युग की नई रामायण सुनिए, सीधे बैकुंठ धाम का यात्रा करिए, नेपाल के पूर्व उपप्रधानमंत्री कमल थापा ने ओली की निंदा करते हुए कहा कि किसी भी प्रधानमंत्री के लिए इस तरह का आधारहीन और अप्रामाणित बयान देना उचित नहीं है. ऐसा लगता है कि पीएम ओली भारत और नेपाल के रिश्ते और बिगाड़ना चाहते हैं जबकि उन्हें तनाव कम करने के लिए काम करना चाहिए।

नेपाल के पूर्व विदेश मंत्री रमेश नाथ पांडे ने कहा कि धर्म राजनीति और कूटनीति से ऊपर है। यह एक बड़ा भावनात्मक विषय है. अबूझ भाव और ऐसी बयानबाज़ी से आप केवल शर्मिंदगी महसूस करते हैं। अगर असली अयोध्या बीरगंज के पास है तो फिर सरयू नदी कहाँ है। बता दें कि नेपाल में रोजाना ओली के इस्तीफे की मांग जोर पकड़ रही है। इसके अलावा नेपाल में चीनी राजदूत और केपी ओली का कथित तौर पर एमएमएस भी वायरल हो रहा है।