चीन को तोड़ने के लिए हिंदुस्तान के लोगों को करना होगा चीनी सामान का बहिष्कार: सोनम वांगचुक

लद्दाख, 10 जून: लद्दाख में भारत और चीन सेना के बीच तनातनी जारी है, मुद्दे को सुलझानें के लिए दोनों देशों के बीच सैन्य स्तर की बातचीत चल रही है। फिलहाल चीनी सेना ढाई किलोमीटर पीछे चली गई है, इसी बीच मैग्सेसे अवॉर्ड विजेता सोनम वांगचुक ने कहा है की। चीन को अगर दबाव में लाना है तो हिंदुस्तान के लोगों को चीन के सामान का बहिष्कार करना होगा।

पिछले कई हफ़्तों से चीनी सामानों के खिलाफ मुहिम चला रहे सोनम वांगचुक ने कहा की, चाइना को मजबूर किया जाय की, वो सीमा पर 1962 की लाइन तक पीछे जाए इसके लिए जरूरी है कि भारत आर्थिक नाकेबंदी शुरू करे।

सोनम वांगचुक ने कहा की, पहली बार चीन भारत के सामनें दबाव महसूस कर रहा है, इसे कायम रखनें की जरूरत है, उन्होंने कहा की, इण्डिया-चीन ट्रेड अभी हमारे पक्ष में नहीं है, भारत के बाजार में चीनी सामान छाए हुए हैं। हिंदुस्तान के लोगों को को चीन के सामान का बहिष्कार करना चाहिए। अगर हिंदुस्तानी चीनी सामान को बहिष्कार करनें की ठान लेंगें तो चीन अपने आप टूट जाएगा।

सोनम वांगचुक कौन हैं

बता दें की, सोनम वांगचुक लद्दाख के रहने वाले हैं, पेशे से इंजिनियर हैं. सोनम ने शिक्षा और पर्यावरण पर बहुत काम किया है, सोनम वांगचुक को रेमन मैग्सेसे अवॉर्ड से सम्मानित किया जा चुका है. थ्री इडियट्स फिल्म से सोनम चर्चा में आये थे।