वैज्ञानिक का दावा, इन 5 कारणों से थम जाएगा कोरोना का कहर, जान लें पाँचों कारण

नई दिल्ली, 23 मई: वैश्विक महामारी कोरोना वायरस का कहर दिन-प्रतिदिन बढ़ता जा रहा है। भारत में कोरोना वायरस को नियंत्रित करनें के लिए देशव्यापी लॉकडाउन लगाया गया है। हालाँकि कोरोना पर लॉकडाउन का विशेष असर नहीं पड़ रहा है। जिसकी वजह से कोरोना केसेज कम होनें का नाम नहीं ले रहे हैं। इसी बीच एक वैज्ञानिक ने कोरोना वायरस को ख़त्म करनें के 5 कारण बताये हैं।

विज्ञान और प्रद्यौगिकी के लिए शांति स्वरुप भटनागर पुरस्कार से सम्मानित वैज्ञानिक जमील ने दावा किया है की, मेरे बताये हुए पाँचों कारणों पर अगर अमल किया जाएगा तो कोरोना वायरस के संक्रमण को बढ़नें से रोका जा सकता है।

कोरोना को रोकनें के लिए वैज्ञानिक जमील ने बताये 5 कारण

  1. बेहतर तरीके से हो हॉटस्पॉट इलाके की जांच
  2. पीसीआर और एंटीबाडी जाँच बढ़ाई जाय
  3. रेड़, ग्रीन और ऑरेंज की व्यापक जांच जरुरी।
  4. लॉकडाउन से नहीं रोका जा सकता कोरोना का कहर
  5. स्थानीय लॉकडाउन और पृथकवास से मिलेगा लाभ

वैज्ञानिक जमील ने कहा की, इन पाँचों कारणों को नियमनुसार फॉलो किये जाएंगे तो निस्चित ही कोरोना वायरस का संक्रमण रोका जा सकता है। उन्होंने कहा, हॉटस्पॉट इलाके की अच्छे से निगरानी की जानी चाहिए। इसमें कोई भी कोताही नहीं बरतनी चाहिए।

इसके अलावा वैज्ञानिक जमील ने कहा, इस समय हम हर 10 लाख की आबादी और 1744 सैम्पल की जाँच कर रहे हैं, जांच की यह दर दुनिया में सबसे कम दरों में से एक है. उन्होंने कहा, हमें एन्टीबॉडी जांच और पुष्टि के लिए पीसीआर जाँच दोनों करनीं चाहिए। इससे हमें जो आंकड़े मिलेगी उससे लॉकडाउन को बहाल हटाने और आर्थिक गतिविधियों को बहाल करनें में बहुत मदद मिलेगी।

जमील ने आगे कहा, रेड, ग्रीन और ऑरेंज इलाकों की व्यापक जांच की जानी चाहिए। वैज्ञानिक ने कहा, लॉकडाउन से कोरोना का संक्रमण रुकनें वाला नहीं है। मालूम हो की करों वायरस को रोकनें के लिए देशभर में 31 मई तक लॉकडाउन लगाया गया है। देश में कोरोना मरीजों की संख्या 1 लाख 25 हजार के पार जा चुकी है जबकि इस खतरनाक महामारी से अबतक 2728 लोगों की जान जा चुकी है।