ताइवान के पक्ष में खुलकर खड़े हुए अमेरिका सहित कई शक्तिशाली देश, चीन की उड़ी नींद, पढ़ें

कोरोना वायरस संकट के बीच ताइवान और चीन के बीच तनाव अपनें चरम पर है, इस दौरान अमेरिका सहित दुनिया के कई शक्तिशाली देशों ने खुलकर ताईवान का समर्थन किया है। इससे चीन की नींद उड़ गई। आइये समझते हैं क्या है पूरा मामला।

दरअसल चीन भले ही ताइवान को अपने देश क अभिन्न अंग मान मानता हो लेकिन ताइवान कभी भी चीन के साथ जुड़ने को तैयार ही नहीं हुआ। यही कारण है की अब विवाद बढ़ गया है। ताइवान चाहता है की, उसे WHA में अलग देश की तरह जगह दी जाए, वर्ल्ड हेल्थ असेंबली (WHA) की बैठक से ठीक पहले ताइवान ने भारत से मदद मांगी है. भारत भी मदद की तैयारी में है।

ताइवान और चीन के बीच बढे तनाव में अमेरिका और यूरोप ने खुलकर ताइवान का समर्थन किया है। जिसकी वजह से चीन की नींद हराम हो गई है। अरसे बाद भारी मुसीबत के घेरे में आ गया है। अगर ताइवान को WHA में अलग देश की जगह दे दी गई तो चीन की मुश्किलें बढ़ता तय हैं।

बता दें कि – कोरोना को फैलने से रोकने के लिए दुनिया भर में ताईवान की तारीफ हो रही है। ताइवान ही वह देश है जिसने कोरोना वायरस पर चीन को दुनिया के सामने बेनकाब किया है। ताइवान ने सबसे पहले डब्ल्यूएचओ और दुनिया को आगाह किया था कि चीन से दुनिया में इंसानों में फैलने वाला वायरस फैल रहा है। अगर ताइवान को WHA में अलग देश का दर्जा मिल जाएगा तो चीन की और पोलपट्टी खुल सकती है।