निजामुद्दीन की तबलीगी जमात ने किया तालिबानी जुल्म, होनी चाहिए कड़ी कार्यवाही: मुख़्तार अब्बास नकवी

नई दिल्ली, 1 अप्रैल: दिल्ली के निज़ामुद्दीन इलाके में तबलीगी जमात का मामला सामने आने क बाद देश में कोरोना वायरस के मामलों को लेकर चिंता बढ़ गई है। यहां लॉकडाउन के बावजूद करीब 2000 लोग इकट्ठा हुए थे, जिनमें से कुछ कोरोना पॉजिटिव पाए गए हैं। इस मामले में अब मोदी सरकार में मंत्री मुख्तार अब्बास नकवी का बयान सामने आया है और उन्होंने इसे तालिबानी जुर्म करार दिया है।

मरकज़ मामले को लेकर केंद्रीय मंत्री मुख्तार अब्बास नकवी ने कहा- तबलीगी ज़मात के लोगों के द्वारा को काम किया गया है, वह एक तालिबानी जुर्म है जिसकी कड़ी सजा मिलनी चाहिए. इन्होंने लोगों की जिंदगी को खतरे में डाला है। इस कार्यक्रम का आयोजन कराने वाले लोगों और संस्था के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई होनी चाहिये।

बता दें कि – राजधानी दिल्ली के निजामुद्दीन में 1 से 15 मार्च के बीच तब्लीगी जमात का जलसा था। इस दौरान ना सिर्फ भारत बल्कि दुनियाभर से मौलाना लोग यहां जुटे थे। काफी लोग देश के अलग-अलग हिस्सों में गए जबकि करीब एक हजार लोग यहीं रह गए। रविवार को मरकज में रह रहे लोगों में कोरोना के लक्षण देखे गए, इसके बाद सोमवार को दिल्ली के स्वास्थ्य विभाग ने एक हजार ये ज्यादा लोगों को यहां निकाला। 334 को अस्पतालों में भर्ती कराया गया है और 700 को क्वारंटाइन केंद्र भेजा गया है। इनमें 24 लोग कोरोना पॉजिटिव पाए गए हैं। इसके अलावा अन्य लोगों को आइसोलेट किया गया है।