काशी महाकाल एक्सप्रेस में शिवमंदिर देखकर पगलाए ओवैसी को यासिर जिलानी ने लताड़ा, पढ़ें

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भगवान भोलेनाथ से जुड़े तीन तीर्थों को जोड़ने वाली वाली काशी महाकाल एक्सप्रेस में भगवान शिव की फोटो देखकर असदुद्दीन ओवैसी भड़क गए हैं। और संविधान की याद दिला दिला रहे हैं। ओवैसी को उन्हीं की भाषा में यासिर जिलानी ने करारा जवाब दिया है।

वाराणसी से इंदौर के लिए चलने वाली काशी महाकाल एक्सप्रेस अपने आप में काफी खास है, जिसमें एक सीट भगवान शिव के लिए रिजर्व रखी गई है। AIMIM प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी ने इस फैसले पर सवाल खड़े किए हैं और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को टैग कर एक ट्वीट किया है।

दरअसल, काशी महाकाल एक्सप्रेस के बी5 कोच में सीट नंबर 64 को मंदिर के रूप में बदल दिया गया है. यहां भगवान शिव का छोटा सा मंदिर बनाया गया है, ताकि ट्रेन में भी लोगों को भगवान शिव के दर्शन करने को मिलें। इसी ट्वीट को रिट्वीट करते हुए असदुद्दीन ओवैसी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को टैग किया और संविधान की प्रस्तावना को साझा किया।

ओवैसी को जवाब देते हुए मुस्लिम राष्ट्रीय मंच के प्रवक्ता यासिर जिलानी ने कहा की, जब मुस्लिम एयरपोर्ट पर नवाज पढ़ते हैं तब तुम्हें ( ओवैसी ) संविधान नहीं याद आता है। यासिर जिलानी ने ओवैसी को लताड़ते हुए कहा की, महाकाल एक्सप्रेस: बर्थ में शिव का मंदिर बनाकर की गई पूजा,ओवैसी ने ट्वीट कर संविधान की प्रस्तावना की याद दिलाइ, आप ( ओवैसी ) इतनी नफ़रत लाते कहाँ से हो, रेल प्लेटफार्म एवं एयरपोर्ट पर हमारे लोग ( मुस्लिम ) जब नमाज़ पढ़ते हैं तब सविंधान याद नहीं आता, धर्म इंसान को संस्कृति का पालक एवं सभ्य बनाता है।