दलित नेता ने भोजपुरी में कसा जामिया वालों पर तंज, कहा, ‘केकरा बुड़बक़ बना रहला हे बाबू’

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नई दिल्ली, 16 फ़रवरी: मुंह में रुमाल बांधकर और किताब बंदकर पढाई कर रहे दिल्ली के जामिया मिल्लिया इस्लामिया यूनिवर्सिटी के छात्रों पर पूर्व बीजेपी सांसद और दलित नेता हरीमाँझी ने भोजपुरी में तंज कसा है।

बिहार के गया से पूर्व बीजेपी सांसद हरिमांझी ने ट्विटर पर जामिया वालों की दो तस्वीरें शेयर करते हुए लिखा, दोनो पिक्चर को देखिए? जहां लाइब्रेरी में विद्यार्थी “मास्क” पहनकर में अध्यन कर रहे है, ये जामिया की लाइब्रेरी है?
“केकरा बुड़बक़ बना रहला हे बाबू”? दरअसल, 15 दिसंबर को नागरिकता संसोधन कानून ( CAA ) को लेकर जामिया हिंसा मामले में पुलिस द्वारा लाइब्रेरी में बैठे छात्रों पर लाठीचार्ज का एक वीडियो सामने आया है. जिसपर राजनीति तेज हो गई है।

बता दें की 15 दिसंबर को नागरिकता संशोधन कानून नेशनल रजिस्टर ऑफ सिटीजंस और नेशनल पॉपुलेशन रजिस्टर ( को लेकर हुए विरोध प्रदर्शन के दौरान जामिया इलाके में प्रदर्शनकारियों ने डीटीसी की कई बसों को आग के हवाले कर दिया था। जिसके बाद पुलिस ने भीड़ पर काबू पाने के लिए कार्रवाई करते हुए लाठीचार्ज और आंसू गैस के गोले दागे थे जिसमें जामिया मिल्लिया इस्लामिया के कई छात्र गंभीर रूप से घायल हो गए थे। हिंसा करने वाले छात्र हिंसा के बाद जामिया यूनिवर्सिटी में घुस गए थे। दिल्ली पुलिस उन छात्रों का पीछा करते जामिया पहुँची तो छात्र लाइब्रेरी में पढ़ाई करने का ढोंग करने लगे।

इस वीडियो में आप देख सकते हैं कि जिन छात्रों की पुलिस पिटाई कर रही है वो मुँह पर रुमाल बांधकर पढाई कर रहे हैं। एक तरह से अपना चेहरा छिपा रहे हैं। उस समय तो कराना वायरस भी भारत में नहीं आया था न ही दिल्ली में अन्य कोई बीमारी फ़ैली थी। मुँह पर रुमाल बांधकर पढ़ाई? समझदार इंसान सब कुछ समझ सकते हैं। दो महीने बाद काटछांट कर इस वीडियो को वायरल किया गया है। इसके पहले का हिस्सा नहीं दिखाया गया है जब ये छात्र हिंसा के बाद लायब्रेरी में घुस रहे थे। देखें वीडियो?