नागरिकता क़ानून का विरोध कर रहे छात्रों को नहीं पता CAB और NRC का मतलब, वीडियो

पटना, 17 दिसंबर: नागरिकता संसोधन कानून लागू होने के बाद राजधानी दिल्ली सहित देश के कई राज्यों में जबरदस्त विरोध प्रदर्शन हो रहा है, ख़ास बात यह है की इस विरोध प्रदर्शन में अधिकतर यूनिवर्सिटी के छात्र भी हिस्सा ले रहे हैं, लेकिन इन छात्रों को CAB और NRC का मतलब ही नहीं पता है, जिसके लिए ये छात्र अपना कीमती समय गंवाकर विरोध प्रदर्शन कर रहे हैं? जी हाँ।

दरअसल, नागरिकता संसोधन कानून के खिलाफ सबसे पहले पूर्वोत्तर राज्य असम में हिंसक विरोध प्रदर्शन शुरू हुआ उसके बाद यह विरोध प्रदर्शन पश्चिम बंगाल पहुंचा जहाँ ये और हिंसक हो गया। इसके बाद नागरिकता कानून के खिलाफ विरोध प्रदर्शन करने का जिम्मा दिल्ली की जामिया मिल्लिया यूनिवर्सिटी ने उठाया, जामिया में ये विरोध इतना हिंसक हुआ जिसका आप अंदाजा भी नहीं लगा सकते? प्रदर्शनकारियों ने कई बसों को फूंक दिया, पुलिस पर पत्थरबाजी और मीडिया वालों को भी पीटा।

जामिया मिल्लिया यूनिवर्सिटी को देखकर उत्तर प्रदेश की अलीगढ यूनिवर्सिटी में भी नागरिकता संसोधन के खिलाफ विरोध प्रदर्शन हुआ, जहाँ केंद्र सरकार और हिंदुत्व के खिलाफ नारे भी लगे, जिसके कुछ वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुए? वीडियो में अलीगढ मुस्लिम यूनिवर्सिटी के छात्र नारे लगा रहे हैं की “हिंदुत्व की कब्र खुदेगी AMU की धरती पर, “मोदी सरकार की कब्र खुदेगी AMU की धरती पर।

इसके बाद नागरिकता कानून के खिलाफ विरोध प्रदर्शन बिहार की पटना यूनिवर्सिटी पहुँच गया, पटना यूनिवर्सिटी के लगभग 3 से 4 हजार छात्रों ने रविवार ( 15 दिसंबर 2019 ) रात करीब आठ बजे अचानक कैम्पस से बाहर निकले और आस-पास खड़ी गाड़ियों में आग लगाने लगाने लगे, तोड़फोड़ करने लगे। पटना यूनिवर्सिटी का विरोध प्रदर्शन सोमवार सुबह भी जारी रहा।

विरोध प्रदर्शन को कवर करने मीडिया पटना यूनिवर्सिटी के छात्रों एक पास पहुंची, मीडिया ने जब प्रदर्शनकारी छात्रों से CAB और नर्स का मतलब पूछा तो छात्रों के तोते उड़ गए, छात्रों को पता ही नहीं था की CAB और नर्स का मतलब होता क्या है।

पत्रकार ने छात्रों से पूछा जिसके खिलाफ आप प्रदर्शन कर रहे हैं यानी CAB क्या है, छात्रों का जवाब था ये असंवैधानिक है, गैरकानूनी है, लेकिन छात्र ये नहीं बता पाए इसका मतलब क्या होता है और ये क्यों और कैसे गैरकानूनी और असंवैधानिक है। आइये CAB और NRC का मतलब हम आपको समझाते हैं।

क्या है CAB
CAB एक शार्ट फॉर्म है, जिसे अंग्रेजी में Citizenship Amendment Bil कहते हैं, इसे हिंदी में नागरिकता संसोधन बिल कहा जाता है, जो अब बदलकर नागरिकता संसोधन कानून हो गया है, क्योंकि ये संसद के दोनों सदनों में पारित हो चुका है, इसलिए ये CAB के बजाय अब CAA ( Citizenship Amendment Act ) हो गया है। मोदी सरकार ने जो नागरिकता संशोधन बिल संसद में पास कराया है, उसके तहत पाकिस्तान, बांग्लादेश और अफगानिस्तान से आने वाले हिंदू, बौद्ध, जैन, पारसी, सिख, ईसाई शरणार्थियों को भारत की नागरिकता मिलने में आसानी होगी। जबकि मुस्लिमों की कोई जगह नहीं होगी।

NRC क्या है
NRC एक शार्ट फॉर्म है, जिसे अंग्रेजी में National Register of Citizenship कहा जाता है और हिंदी में राष्ट्रीय नागरिकता रजिस्टर कहा जाता है। असम में NRC को सबसे पहले 1951 में नागरिकों, उनके घरों और उनकी संपत्तियों को जानने के लिए तैयार किया गया था. राज्य में NRC को अपडेट करने की मांग 1975 से ऑल असम स्टूडेंट्स यूनियन द्वारा उठाई गयी थी।

असम में एनआरसी अपडेट का मूल उद्देश्य, प्रदेश में विदेशी नागरिकों और भारतीय नागरिकों की पहचान करना है. ऑल असम स्टूडेंट्स यूनियन जैसे संगठनों और असम के अन्य नागरिकों का दावा है कि बांग्लादेशी प्रवासियों ने उनके अधिकारों को लूट लिया है और वे राज्य में हो रही आपराधिक गतिविधियों में शामिल हैं. इसलिए इन शरणार्थियों को अपने देश भेज दिया जाना चाहिए। 25 मार्च, 1971 से पहले असम में रहने वाले लोग असम के नागरिक माने जाते हैं।