1984 सिख नरसंहार पर डॉ. मनमोहन सिंह ने तोड़ा मौन, कहा की..?

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नई दिल्ली, 5 दिसंबर: 1984 में सिखों पर हुए नरसंहार पर पहली बार डॉ. मनमोहन सिंह ने बयान दिया है, पूर्व प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह ने कहा कि 1984 में तत्‍कालीन गृह मंत्री नरसिंह राव ने यदि इंद्र कुमार गुजराल की सलाह पर गौर किया होता तो सिख विरोधी दंगों को रोका जा सकता था।

बुधवार को पूर्व प्रधानमंत्री इंद्र कुमार गुजराल को याद करते हुए उनके 100वें जन्‍मदिन पर मनमोहन सिंह ने कहा, 1984 में जैसे ही घटनाएं शुरू हुई, उसी दिन शाम को गुजराल केंद्रीय गृह मंत्री नरसिंह राव से मिलने गए और उनसे कहा कि हालात इतने भयावह हैं कि सरकार को जल्‍द से जल्‍द सेना को बुला लेना चाहिए. यदि उस सलाह पर गौर किया गया होता तो 1984 में इतने व्‍यापक पैमाने पर हिंसा और दंगे नहीं होते।

मालूम हो की 1984 में तत्कालीन प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी की ह्त्या हुई थी, उसके बाद सिख दंगे हुए थे, इस दंगे में लगभग 10 हजार से ज्यादा सिख मारे गए थे। सिख दंगे के लिए लोग कांग्रेस को जिम्मेदार मानते हैं, क्यूंकि उस समय सरकार कांग्रेस की ही थी।