उपराष्ट्रपति वेंकैया नायडू बोले- सच्चे स्वतंत्रता सेनानी और समाज सुधारक थे वीर सावरकर

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नई दिल्ली, 16 नवंबर: उपराष्ट्रपति वेंकैया नायडू शुक्रवार को विक्रम संपत की पुस्तक ‘सावरकर इकोज़ फ्रॉम ए फॉरगॉटन पास्ट’ के विमोचन के मौके पर नेहरू मेमोरियल म्यूजियम एंड लाइब्रेरी में आयोजित एक कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के तौर पर सिरकत करने पहुंचे थे।

इस मौके पर उपराष्ट्रपति ने कहा कि आरएसएस के विचारक विनय दामोदर सावरकर एक स्वतंत्रता सेनानी, समाज सुधारक, लेखक, कवि, इतिहासकार, राजनेता और दार्शनिक के मिले जुले रूप थे।

वेंकैया नायडू ने आगे कहा कहा, किताब के जरिए वीर सावरकर की जो कहानी सामने आती है, उससे भारत मां के इस दृढ़-संकल्प से भरे बेटे के देशभक्ति से भरे नजरिए का खुलासा होता है। उन्होंने 1857 के विद्रोह को देश की आजादी की पहली लड़ाई करार दिया और सशस्त्र प्रतिरोध को आजादी हासिल करने के विकल्प के तौर पर चुना।

बता दें कि – महाराष्ट्र में विधानसभा चुनाव के दौरान बीजेपी ने अपने मेनिफेस्टो में वादा किया था की अगर बीजेपी सरकार बनेगी तो वीर सावरकर को भारत रत्न दिया जाएगा। कांग्रेस सहित कई विपक्षी पार्टियां वीर सावरकर को भारत रत्न देने के खिलाफ हैं।