स्टेच्यू ऑफ यूनिटी ने 1 साल में हासिल किया बड़ा मुकाम, कमाई के मामलें में ताजमहल को पछाड़ा

गुजरात, 7 नवंबर: सरदार बल्लभभाई पटेल को समर्पित स्मारक स्टेच्यू ऑफ़ यूनिटी ने महज एक साल में ही बड़ा मुकाम हासिल किया है।

स्टैच्यू ऑफ यूनिटी पर पर्यटकों की संख्या बढ़ती ही जा रही है। यही कारण है की अब आगरा का ताजमहल भी स्टेच्यू ऑफ़ यूनिटी से कमाई के मामलें में पीछे छूट गया है।

रिपोर्ट्स के मुताबिक़, स्टेच्यू ऑफ़ यूनिटी को एक साल में कुल 24 लाख पर्यटकों के साथ 63 करोड़ रुपये की पर्यटन कमाई हुई है। इससे स्टैच्यू ऑफ़ यूनिटी देश का पहला ऐसा ऐतिहासिक स्‍थल बन गया है, जिसकी कमाई सर्वाधिक हुई. वहीँ आगरा का ताजमहल 56 करोड़ की कमाई के साथ दूसरे स्थान पर रहा है।

आपकी जानकारी के लिया बता दें कि – पीएम नरेंद्र मोदी ने 31 अक्टूबर 2018 को स्टेच्यू ऑफ़ यूनिटी का लोकार्पण किया था. यह गुजरात के नर्मदा जिले में हैं।

सरदार वल्लभ भाई पटेल की प्रतिमा स्टैच्यू ऑफ यूनिटी 182 मीटर ऊंची है और ये दुनिया की सबसे ऊंची प्रतिमा है। इसे बनाने में 2,989 करोड़ रुपए खर्च हुए हैं. इस मूर्ति को बनाने में 3000 से ज्यादा लोग और 250 से ज्यादा इंजीनियरों ने काम किया। जब स्टेच्यू ऑफ़ यूनिटी बानी तो विपक्ष ने काफी सवाल उठाया लेकिन अब सबकी बोलती बंद हो गयी है।